ब्रिटिश शासकों ने भी क्रांतिकारियों के परिवारजनों के साथ कभी इस प्रकार की अभद्रता या प्रताड़ना नहीं की थी-यति नरसिंहनंद गिरी

गाज़ियाबाद। शिवशक्ति धाम डासना के पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरी जी महाराज व छोटे नरसिंहनंद अनिल यादव हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी की पुत्रियों के साथ, स्थानीय पुलिस द्वारा उनके साथ की गई दुर्व्यवहार की घटना को लेकर गाजियाबाद पुलिस आयुक्त से विरोध दर्ज कराने पहुंचेंगे। विगत सप्ताह, हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी एवं उनके संगठन द्वारा तलवार वितरण कार्यक्रम आयोजित करने के संबंध में पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई के परिप्रेक्ष्य में, 4 जनवरी को उनकी पुत्रियों को थाने बुलाया गया। वहां उनके साथ अत्यंत अभद्र व्यवहार किया गया, उनके मोबाइल फोन जब्त कर लिए गए, पासवर्ड खुलवाए गए तथा थाने में ही जमा कर लिए गए। पुत्रियों को लगभग 8 घंटे तक थाने में रखा गया और उसके बाद छोड़ा गया।
महाराज जी ने कहा कि पुत्रियों के मोबाइल फोन की इस प्रकार जांच-पड़ताल करना पूर्णतः अनुचित है। पिंकी चौधरी कोई आतंकवादी नहीं हैं, बल्कि वे एक हिंदू क्रांतिकारी हैं। हमने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को सत्ता में लाने के लिए अपना रक्त बहाया है, किंतु यह हमारी भूल है और हम इसका दुष्परिणाम भुगतने को तैयार हैं। हमारे परिवारजन इसके लिए उत्तरदायी नहीं हैं। यदि पिंकी चौधरी ने कोई अपराध किया है, तो कानून की उचित धाराओं के अंतर्गत कार्रवाई की जाए, कोई अनावश्यक धारा न जोड़ी जाए। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि पुत्रियों के साथ जो दुर्व्यवहार किया गया, उन दोषी अधिकारियों एवं स्थानीय पुलिसकर्मियों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। परिवारजनों के साथ इस प्रकार का अमानवीय व्यवहार कदापि नहीं किया जाना चाहिए।
महाराज जी ने आगे कहा कि ब्रिटिश शासकों ने भी क्रांतिकारियों के परिवारजनों के साथ कभी इस प्रकार की अभद्रता या प्रताड़ना नहीं की थी। यदि दोष हमारा है—चाहे वह पिंकी चौधरी हों, अनिल यादव हों, मोहित बजरंगी हों या स्वयं मैं—तो हमें फांसी पर चढ़ा दो। हमारे परिवारों का कोई दोष नहीं है, इसलिए उन्हें किसी भी प्रकार से प्रताड़ित न किया जाए।इस मोके पर मोहित बजरंगी और स्वामी यति अभयानन्द गिरी जी महाराज मौजूद रहै।




