
गाजियाबाद। भारत विकास परिषद् आई पैक्स द्वारा युग पुरुष स्वामी विवेकानन्द स्वामी जी की जयन्ती तथा गणतंत्र दिवस की पूर्व सन्ध्या पर आई पैक्स भवन में शिशिर काव्योत्सव का आयोजन किया गया था। जिसमे देश के प्रतिष्ठित कवियों द्वारा काव्य पाठ किया गया।
काव्योत्सव में भीलवाड़ा से पधारे श्री योगेन्द्र शर्मा ने शरीदों को नमन करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी तथा उनके शब्दों से पूरे सदन की आंखे नम हो गई। उनकी ओज पूर्ण कविताओं ने पूरे सदन को खड़े होकर सम्मान देने के लिए विवश कर कर दिया और देर तक सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूँजता रहा।
कानपुर से पधारे लाफ्टर चैम्पियन श्री हेमन्त पांडेय ने तो अपनी हास्य रचनाओं से हँसाते हँसाते सभी के पेट में बल डाल दिए।
इसी प्रकार अपने क्षेत्र के हास्य कवि श्री राजेश अग्रवाल जी ने तथा फरीदाबाद से पधारी बलजीत कौर ‘तन्हा’ ने पूरे सदन को बहुत गुदगुदाया।
फरीदाबाद से ही पधारे श्री उपेन्द्र पांडेय ने भी अपनी ओजपूर्ण शैली के माध्यम अपनी रचनाओं से काव्य पाठ प्रारंभ कर सुंदर शुरुआत की।

कार्यक्रम का प्रारम्भ परम्परागत तरीके तरीके से मुख्य अतिथि तत्व अति विशिष्ट अतिथि श्री विवेक गोयल ने दीप जलाकर किया।
अन्य मंचासीन अतिथियों ने भी दीप प्रज्ज्वलित कर भारत माता को याद कर पुश अर्पित किए।
इसके उपरांत वंदे मातरम् के गायन तथा अतिथियों के मान सम्मान के पश्चात शिशिर काव्योत्सव के लिए मंच कवियों को सौंप दिया गया ।
काव्योत्सव इतना भव्य तथा गरिमापूर्ण था कि सभी श्रोता तीन घंटे तक एकाग्र होकर काव्य पाठ का आनंद लेते रहे।
माननीय अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति, कविगणों की सृजनात्मक ऊर्जा, आयोजक साथियों की निष्ठा और सुधी श्रोताओं का भरपूर प्रेम—इन सबने मिलकर इस आयोजन को केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक भावनात्मक पर्व बना दिया।
श्रोताओं के विश्वास और परिषद के सदस्यों के सहयोग ने शाखा के संकल्प को नई शक्ति दी जिससे यह काव्य संध्या एक यादगार अध्याय लिख गई।





