
गाज़ियाबाद। शिवशंकर ज्योतिष एवं वास्तु अनुसंधान केंद्र के तत्वावधान में जानकी सभागार, कविनगर में आयोजित राष्ट्रीय ज्योतिष एवं वास्तु सेमिनार के प्रथम दिवस में देशभर से आए विद्वानों ने जनसाधारण के लिए उपयोगी सुझाव प्रस्तुत किए।
विद्वानों की व्यापक भागीदारी
आयोजन समिति के पदाधिकारियों पं. शिवकुमार शर्मा, डॉ. सतीश भारद्वाज और श्री अजय जैन ने बताया कि सेमिनार में पराविद्याओं के 300 से अधिक विद्वानों ने भाग लिया। इनमें प्रमुख रूप से डॉ. पवन सिन्हा, डॉ. आनंद भारद्वाज, डॉ. एस. एच. रावत, डॉ. के. पी. मुद्गल, डॉ. नंद किशोर पुरोहित, डॉ. विनायक पुलह, महामंडलेश्वर संत कमल किशोर सहित कई प्रतिष्ठित विशेषज्ञ शामिल रहे।
सोशल मीडिया पर भ्रामक सामग्री पर चिंता
सभी विद्वानों ने ज्योतिष एवं वास्तु के क्षेत्र में यूट्यूब और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से फैल रही भ्रामक रील्स और वीडियो पर चिंता जताई। डॉ. पवन सिन्हा ने कहा कि व्यूज़ और सब्सक्राइबर बढ़ाने की होड़ में कुछ लोग ज्योतिष जैसी पराविद्याओं को बदनाम कर रहे हैं। उन्होंने ज्योतिषियों और सरकार से इस पर प्रतिबंध लगाने की अपील की।
वास्तु के सरल उपाय
अंतर्राष्ट्रीय वास्तु कंसल्टेंट डॉ. आनंद भारद्वाज ने ऐसे वास्तु उपायों का वर्णन किया जिन्हें आम आदमी अपने घर में अपनाकर जीवन को सफल और सुखमय बना सकता है। इसी क्रम में डॉ. कुणाल कौशिक और इंजीनियर हिमांशु गर्ग ने भी जनसाधारण से संबंधित ज्योतिष और वास्तु के सरल उपाय साझा किए।
पुस्तक विमोचन
इस अवसर पर पं. शिवकुमार शर्मा द्वारा लिखित वास्तु अमृत पुस्तक का विमोचन भी किया गया। उन्होंने बताया कि इस पुस्तक में वैदिक ग्रंथों और अपने व्यक्तिगत अनुभवों के आधार पर वास्तु दोष निवारण के उपायों को सरल भाषा में समझाया गया है, ताकि आम लोग आसानी से इन्हें अपना सकें।
निष्कर्ष
सेमिनार के प्रथम दिवस ने स्पष्ट किया कि विद्वान समाज में ज्योतिष और वास्तु को सही दिशा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य है कि आम जनता तक पराविद्याओं का वास्तविक ज्ञान पहुंचे और भ्रामक प्रचार से बचाव हो सके।





