Homeअध्यात्मगाजियाबादशिक्षासामाजिक

प्रेमपुरी आश्रम, साहिबाबाद में आध्यात्मिक युवा संगोष्ठी का आयोजन, सैकड़ों की संख्या में युवाओं ने किया प्रतिभाग

साहिबाबाद,(आनन्द धारा)। रविवार 25 अक्टूबर 2026 को मानव उत्थान सेवा समिति के तत्वावधान में सुविख्यात एवं आध्यात्मिक गुरु श्री सतपाल जी महाराज की प्रेरणा से प्रेमपुरी आश्रम, साहिबाबाद में आध्यात्मिक युवा संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम महात्मा श्री विनायकानंद जी एवं महात्मा श्री संयुक्ता बाई जी के दिशा-निर्देशन में संपन्न हुआ। संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य युवाओं को आत्मज्ञान, भारतीय दर्शन, आध्यात्मिक जागृति एवं जीवन में सकारात्मक मूल्यों के महत्व से परिचित कराना था।

कार्यक्रम में अमृत मुखिया, चेतन फुलारा, के. पी. सिंह, महात्मा श्री विनायकानंद जी एवं वरिष्ठ महात्मा श्री संयुक्ता बाई जी की गरिमामयी उपस्थिति रही।

संगोष्ठी के दौरान अमृत मुखिया, चेतन फुलारा एवं के.पी.सिंह ने अपने विचार एवं वक्तव्य प्रस्तुत किए। उन्होंने आत्मज्ञान, भारतीय दर्शन तथा आध्यात्मिकता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को जीवन में विवेक, सकारात्मक सोच और नैतिक मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित किया।

तत्पश्चात महात्मा जी ने भी अपने वक्तव्य के माध्यम से आध्यात्मिक ज्ञान एवं आत्मबोध की महत्ता को समझाया। उन्होंने युवाओं को जीवन के वास्तविक उद्देश्य को जानने, आत्मचिंतन करने तथा भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं से जुड़ने का संदेश दिया।

कार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण प्रश्नोत्तर सत्र रहा, जिसमें उपस्थित युवाओं एवं अन्य प्रतिभागियों को अपने मन में उठने वाले आध्यात्मिक, दार्शनिक एवं जीवन से जुड़े प्रश्न पूछने का अवसर मिला। इस सत्र में अमृत भाई, महात्मा जी ने प्रतिभागियों के प्रश्नों के उत्तर अत्यंत सरल, सहज एवं तार्किक तरीके से दिए तथा उनकी जिज्ञासाओं और शंकाओं का समाधान किया। इस संवादात्मक सत्र ने युवाओं को जटिल दार्शनिक विषयों को सरलता से समझने का अवसर प्रदान किया। कार्यक्रम में उपस्थित युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। वक्ताओं के विचारों और प्रश्नोत्तर सत्र के माध्यम से प्रतिभागियों को भारतीय दर्शन एवं आध्यात्मिकता को गहराई से समझने का अवसर मिला।

मानव उत्थान सेवा समिति द्वारा आयोजित यह संगोष्ठी युवाओं में आध्यात्मिक चेतना, सकारात्मक दृष्टिकोण एवं भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक सार्थक पहल रही। कार्यक्रम का समापन मोहित वर्मा ने आध्यात्मिक ज्ञान को जीवन में अपनाने तथा समाज में सेवा, सद्भाव और सकारात्मकता का प्रसार करने के संदेश के साथ किया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button