इंदिरापुरम में अभिनेता उत्तम कुमार की 100वीं जयंती पर सजेगा बोंगोतोरु 26वां शारदोत्सव, 16 अक्टूबर से पांच दिवसीय उत्सव

गाजियाबाद,(आनन्द धारा)। बंगाली संस्कृति, परंपराओं और सिनेमा की विरासत को समर्पित बोंगोतोरु का 26वां शारदोत्सव इस वर्ष महानायक उत्तम कुमार की 100वीं जयंती की थीम पर आयोजित किया जाएगा। 16 से 20 अक्टूबर 2026 तक इंदिरापुरम स्थित शिप्रा सनसिटी फेज-1 के सेंट्रल पार्क में होने वाले इस पांच दिवसीय उत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों, पारंपरिक पूजा-अनुष्ठानों और सामुदायिक गतिविधियों की धूम रहेगी।
इस वर्ष उत्सव की थीम बंगाली सिनेमा के दिग्गज अभिनेता महानायक उत्तम कुमार की सिनेमाई विरासत को समर्पित है। आयोजन का संदेश “এই পথ যদি না শেষ হয়” यानी “यह सफर कभी खत्म न हो” उनकी कला, यादों और सांस्कृतिक योगदान को पीढ़ियों तक पहुंचाने की भावना को दर्शाता है।
‘द आइकन एक्सपीरियंस’ होगा खास आकर्षण
इस वर्ष शारदोत्सव का विशेष आकर्षण ‘The Icon Experience’ होगा। इसके माध्यम से महानायक उत्तम कुमार के जीवन, अभिनय और बंगाली सिनेमा में उनके योगदान से जुड़ी यादों को जीवंत करने का प्रयास किया जाएगा। यह पहल नई पीढ़ी को भारतीय सिनेमा की समृद्ध विरासत से परिचित कराने के साथ ही पुरानी पीढ़ी की यादों को भी ताजा करेगी।

पांच दिनों तक दिखेगी बंगाली संस्कृति की झलक
शारदोत्सव के दौरान पारंपरिक दुर्गा पूजा और धार्मिक अनुष्ठानों के साथ संगीत, नृत्य, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां तथा बंगाली व्यंजनों का आनंद लिया जा सकेगा। उत्सव में स्थानीय कलाकारों के साथ देश के विभिन्न हिस्सों से आने वाले कलाकारों को भी अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच मिलेगा।
आयोजन के माध्यम से बंगाली संस्कृति की विविधता, कला और परंपराओं को लोगों तक पहुंचाने के साथ सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा दिया जाएगा।
परंपराओं के संरक्षण और पीढ़ियों को जोड़ने की पहल
बोंगोतोरु का उद्देश्य सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना और उसे नई पीढ़ी तक पहुंचाना है। संस्था का मानना है कि ऐसे आयोजन विभिन्न पीढ़ियों और समुदायों को एक मंच पर लाकर आपसी जुड़ाव, सांस्कृतिक समझ और सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं।

16 से 20 अक्टूबर तक आयोजित होने वाला यह शारदोत्सव धार्मिक आस्था, बंगाली कला, सिनेमा और सामुदायिक उत्साह का संगम बनने जा रहा है। महानायक उत्तम कुमार की 100वीं जयंती पर केंद्रित इस आयोजन के जरिए उनकी अमर सिनेमाई विरासत को एक बार फिर याद किया जाएगा।



