
गाजियाबाद,(आनन्द धारा)। विकास संघर्ष समिति गाजियाबाद ने ग्रामीण क्षेत्रों की कृषि भूमि के सर्किल रेटों में पर्याप्त बढ़ोतरी किए जाने की मांग को लेकर जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में समिति के प्रतिनिधिमंडल ने अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) अंजलि को ज्ञापन देकर ग्रामीण किसानों की समस्याओं से अवगत कराया।
शनिवार को जिला मुख्यालय पर आयोजित समिति की मासिक बैठक में सदस्यों ने कहा कि जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि भूमि के सर्किल रेट कई वर्षों से नाममात्र ही बढ़ाए गए हैं, जबकि बाजार में जमीनों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। समिति का कहना था कि वर्तमान सर्किल रेट वास्तविक बाजार मूल्य से काफी कम हैं, जिससे किसानों और भूमि स्वामियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। समिति ने बताया कि गत वर्ष भी इस संबंध में साक्ष्यों सहित आपत्ति दर्ज कराई गई थी, लेकिन उस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
बैठक में संगठन को और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनाने पर भी चर्चा की गई। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि समिति में पांच उपाध्यक्ष, पांच सह-सचिव, चार क्षेत्रीय संयोजक, एक सह-कोषाध्यक्ष, एक लेखा परीक्षक तथा एक प्रवक्ता के पद सृजित किए जाएंगे। इन पदों पर नियुक्तियों की घोषणा समिति की आगामी आमसभा में की जाएगी।
बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष चौधरी आजाद प्रमुख ने की, जबकि संचालन एडवोकेट बी.सी. बंसल ने किया। इस दौरान आकाश प्रधान, जयराम कसाना, मिंटू प्रधान, प्रवीण त्यागी, वंदना चौधरी, सलेक भैया सहित अन्य सदस्यों ने ग्रामीण क्षेत्रों की विभिन्न समस्याओं पर अपने विचार रखे।

समिति ने ग्रामीण स्तर पर जनसमस्याओं को जानने और उनके समाधान के लिए गांव-गांव पंचायत आयोजित करने का भी निर्णय लिया। इसी क्रम में अगली गांव स्तरीय पंचायत 19 जुलाई को सुबह 11 बजे गांव रेवड़ी-रेवड़ा में आयोजित की जाएगी। वहीं समिति की अगली मासिक बैठक 1 अगस्त को जिला मुख्यालय पर होगी।
समिति ने प्रशासन से मांग की कि किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए ग्रामीण कृषि भूमि के सर्किल रेटों का पुनर्मूल्यांकन कर उन्हें वर्तमान बाजार दरों के अनुरूप संशोधित किया जाए।



